women empowerment essay in hindi

[नारी सशक्तिकरण] महिला सशक्तिकरण पर निबंध 2021 | Women empowerment essay in hindi

[नारी सशक्तिकरण] महिला सशक्तिकरण पर निबंध Women empowerment essay in hindi 2021 : नमस्कार विद्यार्थी मित्रों ! आप सभी को पता ही होगा कि आज के आधुनिक युग में महिला सशक्तिकरण जिसे की हम नारी सशक्तिकरण के रूप में भी जानते हैं कितना जरूरी हो गया हैं।

हालांकि महिलाओं पर प्राचीन काल से आत्यचार होते आ रहे, उनकी स्वतंत्रता पर हमेशा रोख़ लगाई गई है। पर आज भी कुछ अलग तस्वीर नहीं है, देश के कई सारे क्षेत्रों में महिलाओं की पिढ़ना हो रही हैं। महिलाओं की इस बुरी परिस्थितियों में बदलाव लाने के लिए महिला सशक्तिकरण सबसे कारगर साबित होगा।

आज महिला सशक्तिकरण पर काफी चर्चा हो रही हैं। महिलाओं को समाज में उचित स्थान दिलाने के लिए बड़ी मात्रा में प्रयास हो रहा हैं। इसी स्थिति के कारण स्कूलों और कॉलेजों में कई बार महिला सशक्तिकरण पर निबंध, नारी सशक्तिकरण पर निबंध women empowerment essay in hindi के बारे में अपने विचारों को व्यक्त करने के लिए कहा जाता हैं।

इसलिए इस लेख में हमने महिला सशक्तिकरण पर निबंध women empowerment essay in hindi के बारे लिखा है। इस लेख के माध्यम से आपको महिला सशक्तिकरण पर जानकारी women empowerment in hindi के बारे में भी जानकारी हासिल होगी। इसलिए इस लेख को अंत तक जरूर पढ़िए।

महिला सशक्तिकरण पर निबंध | Women empowerment essay in hindi 2021

महिला सशक्तिकरण पर निबंध 10 लाइनों में | 10 lines on women empowerment in hindi

  1. महिला सशक्तिकरण का मतलब है कि लैंगिक असमानता को दूर करके देश की महिलाओं को उनके सामाजिक अधिकारों और मूल्यों से अवगत कराना।
  2. महिला सशक्तिकरण लैंगिक समानता को बढ़ावा देता है और देश की सभी महिलाओं को देश के विकास में जोड़ता हैं।
  3. कुटुंब, देश और समाज के विकास के लिए महिला सशक्तिकरण आवश्यक हैं।
  4. महिला सशक्तिकरण महिलाओं के विकास के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं देता हैं, उन्हे शिक्षा और रोजगार के सभी द्वार खोल देता हैं।
  5. महिला सशक्तिकरण महिलाओं को शिक्षा, रोजगार और सभी आर्थिक व्यवहारों में समान अधिकार देता हैं।
  6. भारत देश की पूरी जनगणना में से लगभग 50% प्रतिशत आबादी महिलाओं की है इसलिए देश के विकास के लिए उन्हे देश की सभी विकास क्षेत्रों में शामिल करना बेहद जरूरी हैं।
  7. भारत सरकार ने महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए बेटी बचाव बेटी पढ़ाव, उज्वल योजना जैसी कई सारी योजनाओं को चलाया है।
  8. महिला सशक्तिकरण घरेलू हिंसा और महिलाओं के खिलाफ सभी अपराधों को कम करने में मदद करता हैं।
  9. भारत में गरीबी, अशिक्षा, असमानता, बेरोजगारी जैसी समस्याओं को हल करने के लिए महिला सशक्तिकरण बेहद महत्वपूर्ण है।
  10. महिला सशक्तिकरण को देश कि ग्रामीण भागों में ज्यादा फैलाने की जरूरत हैं क्योंकि ग्रामीण भागों में महिलाओं की स्थिति सुधारना बेहद जरूरी हैं। देश के ग्रामीण इलाकों में ही महिलाओं पर सबसे ज्यादा अत्याचार होते हैं।

महिला सशक्तिकरण पर निबंध 200 शब्दों में | women empowerment essay in hindi in 200 words

आज के युग में महिला सशक्तिकरण की मोहिम देश में काफी जोर दे रही हैं। महिलाओं के अत्याचारों के खिलाफ आवाज उठाई जा रही है। उन्हे पुरुषों की तुलना में सामान अधिकार मिले इसलिए राष्ट्रीय स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं, महिलाओं की सुरुक्षा और उनकी विकास के लिए नए कायदे कानून बनाए गए हैं। यदि देश की महिलाएं सशक्त बन गई तो देश के विकास में भी चार चांद लग जाएंगे।

हमरे देश में लैंगिक समानता को हासिल करना महिला सशक्तिकरण का ही एक लक्ष है चूंकि हमारे देश में लैंगिक असमानता एक बेहद बड़ी समस्या है जो महिलाओं के विकास के आड़ आ रही हैं। हमारे देश मे प्राचीन काल में पुरुषप्रधान राज्य व्यवस्थाएं हुआ करती थीं। जिनमे पुरुष ही समाज में सभी मुख्य भूमिकाएं निभाते थे, उन्हे समाज में स्वतंत्रता से जीने के अधिकार प्राप्त थे।

पर उस समय महिलाओं को दूजा समझा जाता था उन्हे किसी भी प्रकार के अधिकार नहीं थी। उन्हे गुलामों को तरह पुरुषों के अधीन जीना पड़ता था। इसकी वजह से पुरुष और महिलाओं में काफी अंतर पैदा हुआ था हालांकि दोनों की जिंदगी जिनके समान जन्मसिद्ध अधिकार प्राप्त होते हैं।

आज के युग में चलाई जाने वाली महिला सशक्तिकरण की मुहिम पुरुष और महिलाओं के बीच का अंतर खत्म कर उन्हे समान अधिकार प्राप्त कराने में बेहद बड़ा कार्य कर रही हैं। आज भी देश के कुछ क्षेत्रों में महिलाओं को शिक्षा प्राप्त करने के अधिकार नहीं है और नहीं उन्हे अपनी मर्जी से शादी करने की अनुमति है। इसलिए महिलाओं पर अत्याचार है रहा हैं। देश की महिलाएं अशिक्षा, असमानता, यौन हिंसा, बलात्कार, सातिप्रथा, वैश्यावृति जैसी सामाजिक रूढ़ि परंपराओं से झुंज रहीं हैं।

इसलिए देश की महिलाओं पर होने वाले अत्याचार को रोकना, उन्हे पुरुषों समान अधिकार प्राप्त कराना, उन्हे सामाजिक, आर्थिक और राजकीय आधिकारों और मूल्यों से अवगत कराना, उन्हे देश के सभी क्षेत्रों में समान मौका देना यही इस महिला सशक्तिकरण मुहिम का उद्देश्य है। ताकि महिला शिक्षा प्राप्त करके देश की विकास में अपना योगदान दें सकें।

महिला सशक्तिकरण पर निबंध 300 शब्दों में | women empowerment essay in hindi in 300 words

महिला सशक्तिकरण का क्या मतलब है – महिला सशक्तिकरण को एक मोहिम की तरह समझा जा सकता है, जो मोहिम देश की महिलाओं को अपने सामाजिक, आर्थिक और राजकीय आधिकारों और मूल्यों से अवगत कराती हैं। इससे महिला अपनी मर्जी से जिंदगी जी सके, अपने विचारों को व्यक्तिगत रूप से बेझिझक सबके सामने रख सके, अपने निर्णय खुद ले सके इसके लिए राष्ट्रीय स्थर पर प्रयास किया जा रहा हैं।

महिलाओं का शोषण रोकने के लिए कई संविधानिक नियमों और कायदों को बनाया गया हैं ताकि देश की सभी महिलाएं अपने अधिकारों और मूल्यों से वंचित न रहे और उस पर होने वाले अत्याचार के विरुद्ध आवाज उठा सकें। देश की महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर प्रयास किया जा रहा हैं।

देश की सरकार को महिलाओं के वास्तविक विकास के लिए पिछड़े इलाकों में जाना होगा, वहां की महिलाओं को सरकार की तरफ से मिलने वाली सुविधाओं और उनके अधिकारों और मूल्यों से अवगत कराना होगा, ताकि वह बेहतर जिंदगी जी सिके।

देश की महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए उन्हे पहले शिक्षित करना होगा, महिलाओं को तकनीक, औद्योगिकी, खेती जैसी सभी क्षेत्रों में सामिल करना होगा तभी जाकर देश का महिला सशक्तिकरण का सपना पूरा हो सकता हैं। जब देश की महिलाएं देश की विकास में अपना हाथ बटाएं, तब वह अपने देश के साथ खुदका ही विकास करेगी।

लैंगिक असमानता यह आज देश का सबसे बड़ा मुद्दा है। प्राचीन काल से चले है रहे पुरुषवादी व्यवस्थाओं की वजह से हमेशा महिलाओं को दूजा स्थान मिल रहा हैं। आज भी महिलाओं को पुरुषों जितने सभी अधिकार प्राप्त नहीं हैं, हालांकि महिलाओं को भी अपने अधिकार प्राप्त करने का हक्क हैं। देश में महिला और पुरुषों को बराबरी के स्थान पर लाने के लिए महिला सशक्तिकरण बेहद जरूरी हैं।

महिला सशक्तिकरण में बेहद तकाद हैं जो पुरुषवादी मानसिकता को बदलकर महिलाओं को सशक्त बना सकती हैं, महिलाओं को देश के सभी क्षेत्रों में समान अधिकार प्राप्त कर सकती है। जब तक महिलाएं सशक्त बनकर देश के विकास में सामिल नहीं होंगी, तब तक देश का विकास लगबघ असंभव है, ऐसा कहा जाए तो कुछ ग़लत साबित नहीं होगा !

महिला सशक्तिकरण पर निबंध 500 शब्दों में | women empowerment essay in hindi in 500 words

महिला सशक्तिकरण का अर्थ क्या है? और भारत में क्यों जरूरी है महिला सशक्तिकरण ? हमारा देश एक लोकतांत्रिक देश है। लगभग 75+ साल हो चुके हैं हमारे देश को आज़ादी मिले पर समाज में आज भी कुछ ऐसी बिछड़ी जीजे, रीति रिवाज और परंपराएं मौजूद हैं जो देश को विकास से कोसों दूर लेके जा रही है।

आज भी हम उन पुरानी परंपराओं को निभाते हैं जो कि इस समाज में असामनता और उच्च – निच्च की परिस्थितियां पैदा करती हैं। उसी के वजह हमारा देश आज एक विकासशील देशों में शुमार हैं नहीं तो आज हम अमेरिका राष्ट्र जैसे एक विकसित राष्ट्र के रूप में पूरे विश्व में नाम कमाते!

हमारे देश के 135 करोड़ जनसंख्या में से लगभग 50% प्रतिसाद महिलाएं है। पर आज़ादी के बाद भी हमारे देश की नारी को पूरी तरह से स्वतंत्रता से अपनी जिंदगी जीने के और आर्थिक, राजकीय और सामाजिक स्थितियों में अपने खुद के फैसले लेने के अधिकार नहीं दिए जाते।

आज भी कई सारे बिछड़े इलाकों में, गांवों में रहने वाली महिलाओं को अपनी मर्जी से शिक्षा प्राप्त करने की और मर्जी से शादी करने की अनुमति नहीं दी जाती। आज भी कई सारे इलाकों में महिलाएं बाल विवाह, अशिक्षा, वैश्यावृति, सतिप्रथा जैसी जाचक रूढ़ि परंपराओं का शिकार हो रही हैं।

महिलाओं का शोषण करने वाली, उनके अधिकारों एंव मूल्यों को छीनने वाली जो परंपराएं स्वतंत्र के पूर्व अस्तित्व में थी उन्हे आज भी कुछ बिछड़े इलाकों में दोहराया जाता हैं। आज यह बेहद शर्म कि बात है कि देश के लगभग आधी महिलाओं की आबादी होकर भी केवल 63% प्रतिसद महिलाएं साक्षर है बल्कि इसी तुलना में पुरुष 86% प्रतीसद तक साक्षर हैं।

महिलाओं को हमेशा से ही समाज में दूजा स्थान मिला है। यह सिर्फ आज कि बात नहीं है बल्कि प्राचीन काल से ही उन्हे पूरा स्वातंत्र्य नहीं मिला है।

पंडित जवाहरलाल नेहरू ने कहा था, “लोगों को जगाने के लिए, महिलाओं का जागृत होना बेहद जरूरी है”। नारी में एक विलक्षण शक्ति होती है। यदि देश की महिला जागृत और शिक्षित हो गई तो वह आपने साथ अपने घर का विकास करती हैं, अपने गांव का विकास करती है, अपने राज्य का विकास करती हैं और इसी का साथ देश का भी विकास हो जाता हैं। इसलिए यदि देश का विकास करना हैं तो फिर देश की महिलाएं जागृत और शिक्षित होना बेहद जरूरी हैं। देश के विकास में स्त्री का बहुत बड़ा योगदान हैं।

यदि भारत देश के विकास के प्रति महिलाओं को सशक्त बनाना हैं तो सबसे पहले समाज में उनके अधिकारों और मूल्यों को मारनी वाले सभी राक्षसी सोच को मिटाना होगा। जैसे कि दहेज प्रथा, अशिक्षा, घरेलू हिंसा, यौन हिंसा, असमानता, भ्रूण हत्या, वैश्यावृति और मानवी तस्करी यह कुछ घृण सामाजिक परंपराएं और समस्याएं है जो भारतीय महिला को उनका अत्याचार कर अविकास के खाई में ढकेलती हैं।

आज भी कुछ पीछड़े क्षेत्रों में माता पिता की अशिक्षा, गरीबी और असुसरक्षा के कारण महिलाओं की कम उम्र में शादी करा दी जाती हैं। आज भी समाज में बहुत बड़े स्तर पर लैंगिक असमानता हैं। प्राचीन पुरुषप्रधान व्यवस्थाओं के कारण आज भी समाज में महिलाओं को दूजा स्थान मिलता हैं।

यदि देश का विकास करना हैं तो सबसे पहले देश की नारी को समृद्ध बनाना होगा, उसे सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक क्षेत्रों में बढ़ावा देना होगा, उसे देश के विकास में सामिल कराना होगा। देश की महिलाएं जब शारीरिक, मानसिक और सामाजिक रूप से सक्षम होगी तब उन्हे सशक्त करना संभव होगा। तभी जाकर महिला सशक्तिकरण की मोहिम सफल हो पाएगी ।

टिप : मित्रों आज के इस आर्टिकल में हमने आपको महिला सशक्तिकरण पर निबंध women empowerment essay in hindi इस विषय पर अलग अलग शब्दों में निबंध लिखकर दिया हैं। इसी लेख में हमने आपको महिला सशक्तिकरण पर निबंध women empowerment in hindi के बारे में भी जानकारी दी।

हमे आशा है कि आपको महिला सशक्तिकरण पर निबंध women empowerment essay in hindi बेहद पसंद आएगा, धन्यवाद…!

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